लखनऊ। राज्य व्यावसायिक प्रशिक्षण परिषद, उत्तर प्रदेश द्वारा सत्र 2026-27 में राजकीय एवं निजी औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों (आईटीआई) में प्रवेश के लिए पंचम चरण की आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। चतुर्थ चरण की प्रवेश प्रक्रिया पूरी होने के बाद रिक्त रह गई सीटों पर अब नए अभ्यर्थियों के साथ पूर्व में पंजीकृत लेकिन अचयनित अथवा प्रवेश से वंचित अभ्यर्थियों को भी अवसर दिया गया है।
परिषद के अनुसार पंचम चरण के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया 6 अक्टूबर 2026 से शुरू होकर 11 अक्टूबर 2026 की रात 12 बजे तक चलेगी। इच्छुक अभ्यर्थी परिषद की वेबसाइट www.scvtup.in पर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
राजकीय आईटीआई में पहले, दूसरे और तीसरे चरण में अचयनित अभ्यर्थी तथा चयनित होने के बावजूद प्रवेश न ले पाने वाले अभ्यर्थी अपने पंजीकरण संख्या और जन्मतिथि के माध्यम से पंचम चरण के लिए नए विकल्प दर्ज करा सकेंगे। अभ्यर्थी अपनी पसंद के संस्थान, उपलब्ध व्यवसाय, लिंग, उपवर्ग और शैक्षिक अर्हता से संबंधित विकल्पों को पुनः पंजीकृत कर सकेंगे। विकल्प अपडेट नहीं करने पर पूर्व में दिए गए विकल्पों के आधार पर ही उन्हें पंचम चरण की सीट आवंटन प्रक्रिया में शामिल किया जाएगा।
वहीं राजकीय एवं निजी आईटीआई में नए सिरे से आवेदन करने वाले अभ्यर्थियों को वेबसाइट पर उपलब्ध ‘पंचम चरण के लिए नवीन अभ्यर्थी द्वारा आवेदन’ लिंक के माध्यम से आवेदन करना होगा। आवेदन पूरा करने के बाद ऑनलाइन भुगतान डेबिट कार्ड, क्रेडिट कार्ड, इंटरनेट बैंकिंग अथवा यूपीआई के माध्यम से किया जा सकेगा।
आवेदन शुल्क सामान्य एवं पिछड़ा वर्ग के अभ्यर्थियों के लिए 300 रुपये, अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति के लिए 250 रुपये तथा सभी महिला अभ्यर्थियों के लिए 100 रुपये निर्धारित किया गया है।
अभ्यर्थी पंचम चरण में उपलब्ध रिक्त सीटों की जनपदवार, संस्थानवार और व्यवसायवार जानकारी परिषद की वेबसाइट www.scvtup.in अथवा संबंधित राजकीय/निजी आईटीआई के प्रधानाचार्य कार्यालय से प्राप्त कर सकते हैं।
परिषद ने सभी राजकीय एवं निजी आईटीआई के प्रधानाचार्यों को निर्देश दिए हैं कि संस्थान में उपलब्ध रिक्त सीटों की व्यवसायवार जानकारी सार्वजनिक सूचना पट पर प्रदर्शित करें। प्रवेश से संबंधित अधिक जानकारी के लिए अभ्यर्थी अपने नजदीकी राजकीय या निजी औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान से संपर्क कर सकते हैं।
दुधवा की लाइफलाइन सुहेली नदी की डीसिल्टिंग की मांग, विधायक रोमी साहनी ने उठाया किसानों का मुद्दा।

















