गोरखपुर। शहर के एक Girls Hostal में छात्राओं की निजता से जुड़ा गंभीर मामला सामने आने के बाद हड़कंप मच गया। हॉस्टल के बाथरूम में छात्राओं को संदिग्ध हालत में एक मोबाइल फोन मिला। बताया जा रहा है कि मोबाइल रिकॉर्डिंग मोड पर था। फोन मिलने की जानकारी होते ही छात्राओं ने विरोध जताते हुए मामले की सूचना पुलिस को दी।
सूचना मिलते ही पुलिस हॉस्टल पहुंची और छात्राओं से मामले की जानकारी लेने के साथ संदिग्ध मोबाइल को अपने कब्जे में ले लिया। प्रारंभिक जांच के बाद पुलिस ने महिला वार्डन के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर मामले की विवेचना शुरू कर दी है। घटना के बाद हॉस्टल में रहने वाली छात्राओं में सुरक्षा और निजता को लेकर चिंता का माहौल है।
पुलिस के अनुसार, बरामद मोबाइल की तकनीकी और फॉरेंसिक जांच कराई जा रही है। जांच के जरिए यह पता लगाने का प्रयास किया जाएगा कि मोबाइल में वास्तव में किसी तरह की रिकॉर्डिंग हुई थी या नहीं। साथ ही फोन कब से बाथरूम में रखा गया था और उसे वहां किसने रखा, इन बिंदुओं पर भी जांच की जा रही है।
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मामले में पुलिस हॉस्टल में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज समेत अन्य साक्ष्यों को भी खंगाल सकती है, ताकि घटना की पूरी कड़ी सामने आ सके। अधिकारियों का कहना है कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों और फॉरेंसिक रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
छात्राओं की निजता से जुड़ा मामला होने के कारण पुलिस पूरे प्रकरण की गंभीरता से जांच कर रही है। फिलहाल जांच पूरी होने और वैज्ञानिक साक्ष्य सामने आने से पहले किसी व्यक्ति को दोषी ठहराना उचित नहीं होगा। फॉरेंसिक रिपोर्ट और विवेचना के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि मोबाइल बाथरूम में किस उद्देश्य से रखा गया था और उसमें कोई रिकॉर्डिंग हुई थी या नहीं।
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