रिपोर्ट:- शरद मिश्रा
लखीमपुर खीरी। जनपद के बीएसए प्रवीण तिवारी के खिलाफ सोशल मीडिया पर प्रसारित एक कथित आपत्तिजनक पोस्ट को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। मामला उस समय तूल पकड़ गया जब भारतीय दलित पैंथर के जिलाध्यक्ष सिद्धार्थ गौतम के नाम से जारी “जूता आंदोलन” शीर्षक संदेश विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर वायरल हुआ।
दहशत का पर्याय बना तेंदुआ आखिरकार वनविभाग द्वारा लगाए गए पिंजरे में हुआ कैद।।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, वायरल संदेश में बीएसए प्रवीण तिवारी के लिए अमर्यादित शब्दों का प्रयोग किए जाने और 27 फरवरी 2026 को उन्हें सार्वजनिक रूप से अपमानित करने की कथित चेतावनी दिए जाने का आरोप है। इस पोस्ट के सामने आने के बाद जनपद के विभिन्न संगठनों में रोष व्याप्त हो गया है।
ब्राह्मण परिवार सेवा समिति के जिलाध्यक्ष अवधेश मिश्र का कहना है कि इस प्रकार की भाषा और धमकीपूर्ण बयानबाजी से सामाजिक सौहार्द प्रभावित हो सकता है। शुक्रवार को ब्राह्मण परिवार सेवा समिति रजि० के पदाधिकारियों ने डीएम को ज्ञापन सौंपते हुए मांग की है कि इस प्रकरण की निष्पक्ष जांच कर दोषी के विरुद्ध तत्काल कानूनी कार्रवाई की जाए। साथ ही चेतावनी दी है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं की गई तो संगठन आंदोलन के लिए बाध्य होगा।
बीडीओ की इस पहल से विद्यालयों में बच्चों की बढ़ेगी उपस्थिति, शिक्षा को मिलेगी नई रफ्तार।।

























